Lucknow: उत्तर प्रदेश के छात्रों के लिए छात्रवृत्ति (Scholarship) योजना के तहत आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। राज्य के जो विद्यार्थी अपनी पढ़ाई जारी रखने के लिए आर्थिक सहायता चाहते हैं, वे अब आधिकारिक पोर्टल के जरिए आवेदन कर सकते हैं।
11 अगस्त से शुरू हुई पंजीकरण प्रक्रिया
उत्तर प्रदेश समाज कल्याण विभाग द्वारा प्री-मैट्रिक यानी कक्षा 9 और 10, तथा पोस्ट-मैट्रिक यानी कक्षा 11 और 12 के छात्रों के लिए UP Scholarship 2026 के ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन 11 अगस्त 2026 से शुरू कर दिए गए हैं। जो विद्यार्थी इस योजना का लाभ उठाना चाहते हैं या अपने पुराने फॉर्म का नवीनीकरण (Renewal) करना चाहते हैं, वे विभाग की आधिकारिक वेबसाइट scholarship.up.gov.in पर जाकर ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह से निःशुल्क है और इसके लिए छात्रों से किसी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जा रहा है।
25 अगस्त तक स्कूल में जमा करनी होगी हार्ड कॉपी
ऑनलाइन आवेदन करने के बाद छात्रों की जिम्मेदारी यहीं खत्म नहीं होती। UP Scholarship 2026 की रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया पूरी होने के बाद विद्यार्थियों को भरे हुए आवेदन पत्र का प्रिंटआउट निकालना होगा। इसके साथ अपने सभी जरूरी दस्तावेज संलग्न (Attach) करके संबंधित स्कूल या कॉलेज में जमा कराना अनिवार्य है। ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करने और शिक्षण संस्थान में फॉर्म की हार्ड कॉपी जमा करने की अंतिम तिथि 25 अगस्त 2026 तय की गई है। समय सीमा समाप्त होने से पहले छात्र अपने दस्तावेजों को सत्यापित करवाकर स्कूल में जमा कर दें।
UP Scholarship 2026 में आवेदन करने की पूरी प्रक्रिया
स्कॉलरशिप फॉर्म भरने के लिए छात्रों को सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा। वहां होमपेज पर दिए गए ‘प्री-मैट्रिक’ या संबंधित रजिस्ट्रेशन विकल्प पर क्लिक करना होगा। इसके बाद मांगी गई सभी बुनियादी जानकारियां दर्ज करके अपना पंजीकरण पूरा करना होगा। पंजीकरण के बाद अन्य आवश्यक विवरण भरकर आवेदन फॉर्म को फाइनल सबमिट करना होगा। अंत में, अभ्यर्थी पूर्ण रूप से भरे हुए फॉर्म का प्रिंट आउट निकाल लें और जरूरी दस्तावेजों के साथ अपने स्कूल में जमा कर दें।
UP Scholarship 2026 में योग्यता और आय सीमा का मापदंड
इस छात्रवृत्ति योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए कुछ पात्रता शर्तें निर्धारित की गई हैं-
छात्र का उत्तर प्रदेश राज्य का मूल निवासी होना और राज्य के मान्यता प्राप्त विद्यालयों में अध्ययनरत होना अनिवार्य है।
सामान्य श्रेणी, अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) के छात्रों के अभिभावकों की वार्षिक आय 2.5 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।
अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के छात्रों के लिए वार्षिक आय की सीमा 2 लाख रुपये तय की गई है।
अस्वच्छ पेशा से जुड़े परिवारों के लिए वार्षिक आय की कोई ऊपरी सीमा निर्धारित नहीं की गई है।








