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NITI Aayog Report: ‘डिग्री हाथ में, पर जेब खाली…’ नीति आयोग ने बताया क्यों ग्रेजुएट होने के बाद भी बेरोजगार हैं युवा

New Delhi: नीति आयोग की हालिया रिपोर्ट (NITI Aayog Report) ने देश की उच्च शिक्षा प्रणाली को लेकर कई अहम सवाल उठाए हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि BA, BSc और BCom जैसे पारंपरिक डिग्री कोर्स आज के जॉब मार्केट की जरूरतों को पूरा करने के लिए काफी नहीं हैं। पुराने सिलेबस के कारण डिग्री मिलने के बाद भी छात्रों को अक्सर नौकरी पाने में मुश्किल होती है। अपनी रिपोर्ट में, आयोग ने शिक्षा प्रणाली को ज्यादा रोजगार-उन्मुख और कौशल-आधारित बनाने की जरूरत पर जोर दिया है। पुराने सिलेबस जरूरी कौशल सिखाने में नाकाम नीति आयोग के अनुसार, कई सामान्य डिग्री कोर्स (NITI Aayog Report) अभी भी पुराने सिलेबस के आधार पर चल रहे हैं। इन कोर्स को करने वाले छात्र अक्सर आज के उद्योगों के लिए जरूरी तकनीकी और व्यावहारिक कौशल नहीं सीख पाते हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि सिर्फ डिग्री हासिल करने से नौकरी की गारंटी नहीं मिलती; कंपनियां अब उम्मीदवारों में अतिरिक्त कौशल, अनुभव और व्यावहारिक ज्ञान को प्राथमिकता देती हैं। सरकारी नौकरी की पात्रता के लिए छात्र चुनते हैं कोर्स रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि बड़ी संख्या में छात्र BA, BSc और BCom जैसे कोर्स चुनते हैं क्योंकि कई सरकारी नौकरियों के लिए ग्रेजुएशन की डिग्री जरूरी योग्यता होती है।नतीजतन कई छात्र डिग्री तो हासिल कर लेते हैं, लेकिन नौकरी के लिए जरूरी कौशल विकसित नहीं कर पाते, जिससे डिग्री होने और नौकरी पाने के बीच का अंतर बढ़ जाता है। कॉलेज और यूनिवर्सिटी के सिलेबस में बदलाव की सिफारिश नीति आयोग ने शिक्षा प्रणाली (NITI Aayog Report) में सुधार के लिए कई सुझाव दिए हैं। आयोग ने कहा है कि कॉलेजों और यूनिवर्सिटी को उद्योग की जरूरतों के हिसाब से अपने सिलेबस को अपडेट करना चाहिए। रिपोर्ट में छात्रों को उनकी पढ़ाई के साथ-साथ इंटर्नशिप और व्यावहारिक प्रशिक्षण देने के महत्व पर भी जोर दिया गया है ताकि वे नौकरी के लिए तैयार हो सकें। कौशल-आधारित और वोकेशनल कोर्स को शामिल करने पर जोर आयोग ने पारंपरिक डिग्री कोर्स में कौशल विकास, वोकेशनल ट्रेनिंग और रोजगार-उन्मुख विषयों को शामिल करने की सिफारिश की है। इससे छात्र सिर्फ डिग्री धारक बनने के बजाय नौकरी पाने लायक बन सकेंगे। नीति आयोग का मानना ​​है कि बदलते जॉब मार्केट (NITI Aayog Report) के साथ तालमेल बिठाने के लिए शिक्षा प्रणाली में सुधार करना समय की जरूरत है। निष्कर्ष अगर आपको सरकारी जॉब वैकेंसी, भर्ती परीक्षाओं और नौकरी से जुड़ी हर जरूरी जानकारी समय पर चाहिए, तो युवा डाइनामाइट न्यूज़ के इस पेज को जरूर फॉलो करें। यहां आपको सरकारी नौकरियों से जुड़े लेटेस्ट अपडेट सबसे पहले मिलते रहेंगे।

Veterinary Officer: उत्तराखंड में पशु चिकित्सा अधिकारी के 25 पदों पर भर्ती, जानें कौन कर सकता है आवेदन

Veterinary Officer: उत्तराखंड में पशुपालन विभाग के अंतर्गत पशु चिकित्सा अधिकारी के पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू हो गई है। इस भर्ती के जरिए कुल 25 पदों पर योग्य उम्मीदवारों की नियुक्ति की जाएगी। इसके लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और उम्मीदवार 14 सितंबर 2026 तक आवेदन कर सकते हैं। आवेदन जमा करने के बाद अगर फॉर्म में कोई गलती रह जाती है तो उम्मीदवारों को उसे ठीक करने का भी मौका मिलेगा। आवेदन में संशोधन के लिए विंडो 22 सितंबर से 1 अक्टूबर 2026 तक खुली रहेगी। किस योग्यता वाले उम्मीदवार कर सकते हैं आवेदन? (Veterinary Officer) पशु चिकित्सा अधिकारी भर्ती में आवेदन करने के लिए उम्मीदवार के पास मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से पशु चिकित्सा विज्ञान एवं पशुपालन (B.V.Sc. & A.H.) में स्नातक डिग्री होनी चाहिए। सरकार से मान्यता प्राप्त किसी संस्था की समकक्ष डिग्री रखने वाले उम्मीदवार भी पात्र हो सकते हैं। इसके साथ ही उम्मीदवार का उत्तराखंड पशु चिकित्सा परिषद में पंजीकृत होना जरूरी है। यानी केवल डिग्री होना ही पर्याप्त नहीं है, परिषद में रजिस्ट्रेशन की शर्त भी पूरी करनी होगी। 21 से 42 साल तक उम्र सीमा (Veterinary Officer) उम्मीदवार की उम्र 1 जुलाई 2026 को कम से कम 21 वर्ष और अधिकतम 42 वर्ष होनी चाहिए। आरक्षित श्रेणी के उम्मीदवारों को ऊपरी आयु सीमा में नियमानुसार छूट दी जाएगी। आवेदन शुल्क की बात करें तो सामान्य, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस वर्ग के अभ्यर्थियों के लिए 166 रुपये शुल्क रखा गया है। एससी और एसटी वर्ग के उत्तराखंड के अभ्यर्थियों को 76.36 रुपये, जबकि पीएच वर्ग के उम्मीदवारों को 16.36 रुपये शुल्क देना होगा। ऐसे भरें ऑनलाइन फॉर्म (Veterinary Officer) उम्मीदवारों को आवेदन के लिए उत्तराखंड लोक सेवा आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा। वेबसाइट के होम पेज पर Veterinary Officer Selection Examination-2026 के सामने दिए गए Apply विकल्प पर क्लिक करना होगा। इसके बाद रजिस्ट्रेशन पूरा करके व्यक्तिगत और शैक्षणिक जानकारी दर्ज करनी होगी। निर्धारित फोटो और हस्ताक्षर अपलोड करने के बाद अपनी श्रेणी के अनुसार आवेदन शुल्क जमा करें। सभी जानकारी जांचने के बाद फॉर्म सबमिट करें और भविष्य के लिए उसका प्रिंटआउट सुरक्षित रख लें। लिखित परीक्षा से होगा चयन (Veterinary Officer) इस भर्ती में उम्मीदवारों के चयन के लिए लिखित परीक्षा आयोजित की जाएगी। परीक्षा और भर्ती प्रक्रिया से जुड़ी विस्तृत जानकारी के लिए उम्मीदवारों को आधिकारिक नोटिफिकेशन ध्यान से पढ़ने की सलाह दी गई है। आवेदन की आखिरी तारीख नजदीक आने का इंतजार करने के बजाय पात्र उम्मीदवार समय रहते फॉर्म पूरा कर लें।

NEET PG का सबसे जरूरी अपडेट, 30 अगस्त को होनी है परीक्षा; एडमिट कार्ड में ये चीजें जरूर जांचें

NEET PG 2026 में शामिल होने वाले उम्मीदवारों के लिए अब इंतजार खत्म होने वाला है। नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशंस इन मेडिकल साइंसेज (NBEMS) ने एडमिट कार्ड को लेकर नया अपडेट जारी किया है। संशोधित कार्यक्रम के मुताबिक उम्मीदवारों के एडमिट कार्ड 25 अगस्त 2026 को जारी किए जाएंगे। वहीं NEET PG 2026 परीक्षा का आयोजन 30 अगस्त 2026, रविवार को किया जाएगा। परीक्षा सुबह 9 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक चलेगी। इस बार परीक्षा एक ही शिफ्ट में आयोजित होगी और उम्मीदवारों को कंप्यूटर आधारित परीक्षा यानी CBT मोड में शामिल होना होगा। आखिर क्यों बदली एडमिट कार्ड की तारीख? (NEET PG) NBEMS ने 24 अगस्त को जारी संशोधित नोटिस में एडमिट कार्ड की तारीख में बदलाव की जानकारी दी है। बोर्ड के मुताबिक कुछ अपरिहार्य परिस्थितियों के साथ असम और मेघालय से मिले अनुरोधों को ध्यान में रखते हुए एडमिट कार्ड जारी करने का कार्यक्रम बदला गया। यानी जिन उम्मीदवारों को पहले तय कार्यक्रम के मुताबिक एडमिट कार्ड मिलने का इंतजार था, उन्हें अब 25 अगस्त को इसे डाउनलोड करने का मौका मिलेगा। परीक्षा में कुछ ही दिन बाकी हैं, इसलिए एडमिट कार्ड मिलने के बाद उसे तुरंत डाउनलोड करके सभी जरूरी जानकारी जांच लेना बेहतर रहेगा। एडमिट कार्ड हाथ में आते ही ये जानकारी देखें (NEET PG) एडमिट कार्ड डाउनलोड करने के बाद उम्मीदवार सिर्फ अपना नाम देखकर इसे अलग न रखें। इसमें दर्ज हर जानकारी को ध्यान से जांचना जरूरी है। नाम, रोल नंबर और आवेदन से जुड़ी जानकारी के साथ परीक्षा की तारीख और समय भी देख लें। इसके अलावा रिपोर्टिंग टाइम और परीक्षा केंद्र का पूरा पता जरूर जांचें। अगर किसी जानकारी में गलती नजर आती है तो NBEMS के निर्देशों के अनुसार संबंधित प्रक्रिया अपनानी होगी। उम्मीदवारों को एडमिट कार्ड का प्रिंटआउट पहले ही निकालकर रखना चाहिए। परीक्षा केंद्र पर एडमिट कार्ड के साथ मान्य पहचान पत्र और बोर्ड की ओर से निर्धारित अन्य जरूरी दस्तावेज ले जाना होगा। अब तैयारी में क्या करें? (NEET PG) NEET PG मेडिकल पीजी पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए आयोजित होने वाली प्रमुख राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा है। इसके जरिए MD, MS और PG Diploma जैसे पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए पात्रता और रैंक तय की जाती है। परीक्षा में अब ज्यादा समय नहीं बचा है। ऐसे में नए-नए टॉपिक शुरू करने के बजाय उम्मीदवारों के लिए रिवीजन पर ध्यान देना ज्यादा फायदेमंद हो सकता है। कमजोर विषयों को दोबारा पढ़ने के साथ मॉक टेस्ट देना और गलत सवालों की समीक्षा करना भी तैयारी को बेहतर बना सकता है। यहां से डाउनलोड होगा एडमिट कार्ड (NEET PG) एडमिट कार्ड जारी होने के बाद उम्मीदवार इसे NBEMS की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध NEET PG 2026 सेक्शन से डाउनलोड कर सकेंगे। इसी सेक्शन में परीक्षा से जुड़ी जरूरी जानकारी, इंफॉर्मेशन बुलेटिन और अन्य अपडेट भी उपलब्ध कराए जाते हैं।

Bihar Board: आज से खुला परीक्षा फॉर्म, 16 सितंबर के बाद नहीं मिलेगा मौका! देखें जरूरी तारीखें

Bihar Board: बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने मैट्रिक और इंटरमीडिएट वार्षिक परीक्षा 2027 को लेकर परीक्षा फॉर्म भरने की तारीख घोषित कर दी है। 10वीं और 12वीं में पढ़ रहे विद्यार्थियों के लिए आवेदन की प्रक्रिया 25 अगस्त 2026 से शुरू हो गई है। परीक्षा में शामिल होने वाले छात्रों को 16 सितंबर 2026 तक अपने स्कूल या कॉलेज के माध्यम से फॉर्म भरना होगा। खास बात यह है कि विद्यार्थी खुद से ऑनलाइन परीक्षा फॉर्म नहीं भरेंगे। आवेदन की पूरी प्रक्रिया संबंधित शिक्षण संस्थान के प्रधान के जरिए पूरी होगी। इसलिए आखिरी तारीख का इंतजार करने के बजाय छात्रों को समय रहते अपने स्कूल से संपर्क करना होगा। स्कूल के जरिए ही जमा होगा फॉर्म (Bihar Board) बिहार बोर्ड के निर्देश के मुताबिक इंटरमीडिएट परीक्षा फॉर्म के लिए intermediate.biharboardonline.com और मैट्रिक परीक्षा के लिए exam.biharboardonline.org का इस्तेमाल स्कूल प्रमुख करेंगे। स्कूल के प्रधान वेबसाइट से परीक्षा फॉर्म डाउनलोड कर विद्यार्थियों को उपलब्ध कराएंगे। छात्रों को फॉर्म की दो प्रतियां भरनी होंगी। एक कॉपी स्कूल में जमा होगी, जबकि दूसरी कॉपी पर प्रधान के हस्ताक्षर, मुहर और तारीख के बाद उसे विद्यार्थी को वापस दिया जाएगा। एक छोटी गलती भी पड़ सकती है भारी (Bihar Board) फॉर्म भरते समय छात्रों को अपनी जानकारी बेहद ध्यान से जांचनी होगी। नाम, माता-पिता का नाम, जन्म तिथि, लिंग, जाति और चुने गए विषय समेत सभी विवरण प्रमाण पत्र में दर्ज जानकारी से मिलाने होंगे। अगर किसी जानकारी में गलती दिखाई देती है, तो आवेदन की तय अवधि के दौरान स्कूल के प्रधान के जरिए उसमें सुधार कराया जा सकता है। बोर्ड ने मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी देना भी अनिवार्य किया है। एक विद्यार्थी के लिए एक मोबाइल नंबर और एक ईमेल आईडी का इस्तेमाल किया जाएगा। फोटो और सिग्नेचर को लेकर भी नियम (Bihar Board) परीक्षा फॉर्म के साथ लगने वाली फोटो के लिए भी बोर्ड ने खास मानक तय किए हैं। रंगीन फोटो 35 एमएम × 30 एमएम की होनी चाहिए और जेपीजी/जेपीईजी फॉर्मेट में 50 से 100 केबी के बीच होनी चाहिए। फोटो का बैकग्राउंड सफेद या हल्का हरा होना चाहिए। वहीं सिग्नेचर की फाइल 10 से 20 केबी की और निर्धारित आकार 3.5 सेंटीमीटर × 1 सेंटीमीटर रखा गया है। हस्ताक्षर सफेद कागज पर नीली या काली स्याही से होना चाहिए। इंटर की फीस कितनी है? (Bihar Board) इंटरमीडिएट परीक्षा 2027 के लिए नियमित आर्ट्स, साइंस और कॉमर्स विद्यार्थियों की परीक्षा फीस 1430 रुपये रखी गई है। स्वतंत्र परीक्षार्थियों के लिए यह फीस 1770 रुपये है, जबकि क्वालीफाइंग विद्यार्थियों के लिए 2110 रुपये निर्धारित किए गए हैं। व्यावसायिक पाठ्यक्रम के नियमित विद्यार्थियों को 1830 रुपये और स्वतंत्र विद्यार्थियों को 2170 रुपये जमा करने होंगे। 16 सितंबर है आखिरी मौका (Bihar Board) बिहार बोर्ड ने साफ किया है कि मैट्रिक और इंटरमीडिएट परीक्षा 2027 के लिए फॉर्म और फीस जमा करने की समय सीमा 25 अगस्त से 16 सितंबर 2026 तक है। छात्रों को इस अवधि के भीतर स्कूल के माध्यम से प्रक्रिया पूरी करनी होगी।

8th Pay Commission: किस आंकड़े तक पहुंच सकती है बैंक क्लर्क की कमाई, जानें पूरा हिसाब

New Delhi: सरकारी नौकरी की तैयारी करने वाले युवाओं के बीच बैंकिंग सेक्टर हमेशा आकर्षण का केंद्र रहा है। इसकी वजह सिर्फ नौकरी की सुरक्षा नहीं, बल्कि सैलरी (8th Pay Commission) के साथ मिलने वाले अलग-अलग भत्ते और प्रमोशन के मौके भी हैं। बैंक क्लर्क की पोस्ट को खासतौर पर उन उम्मीदवारों के लिए अच्छा विकल्प माना जाता है, जो बैंकिंग सेक्टर में करियर शुरू करना चाहते हैं। इसी बीच 8वें वेतन आयोग को लेकर संभावित बदलावों की चर्चा ने बैंक कर्मचारियों की सैलरी को लेकर भी उत्सुकता बढ़ा दी है। हालांकि यहां एक बात साफ समझना जरूरी है कि बैंक कर्मचारियों की वेतन व्यवस्था सीधे केंद्रीय वेतन आयोग के तहत नहीं आती। इसलिए किसी भी अनुमान को अंतिम वेतन मानना सही नहीं होगा। अभी कितनी है बैंक क्लर्क की सैलरी? (8th Pay Commission) IBPS Clerk के शुरुआती बेसिक पे को आम तौर पर 19,900 रुपये बताया जाता है। इसके अलावा कर्मचारी को महंगाई भत्ता यानी DA, HRA, स्पेशल अलाउंस और ट्रांसपोर्ट से जुड़े भत्ते मिल सकते हैं। इन सभी चीजों को जोड़ने के बाद शुरुआती इन-हैंड सैलरी पोस्टिंग और लागू भत्तों के हिसाब से अलग-अलग हो सकती है। यही वजह है कि एक ही पद पर काम करने वाले कर्मचारियों की कुल सैलरी शहर और सुविधाओं के आधार पर अलग दिखाई दे सकती है। वहीं SBI Clerk की शुरुआती बेसिक पे करीब 17,900 रुपये बताई जाती है। भत्तों को जोड़ने के बाद ग्रॉस सैलरी बढ़ती है और विभिन्न कटौतियों के बाद कर्मचारी को इन-हैंड रकम मिलती है। 8वें वेतन आयोग के नाम पर कितनी बढ़ोतरी का अनुमान? (8th Pay Commission) फिटमेंट फैक्टर को लेकर अलग-अलग आंकड़े सामने आते रहे हैं। 2.57 के फिटमेंट फैक्टर का उदाहरण लिया जाए तो 19,900 रुपये की बेसिक सैलरी लगभग 51,143 रुपये के स्तर तक पहुंच सकती है। वहीं 1.83 के फैक्टर पर यही बेसिक पे करीब 36,417 रुपये बैठती है। लेकिन ये सिर्फ गणितीय अनुमान हैं। बैंक क्लर्क की वास्तविक सैलरी में ऐसा बदलाव होगा या नहीं, यह बैंकिंग क्षेत्र की वेतन व्यवस्था, आगामी वेतन समझौते और लागू नियमों पर निर्भर करेगा। क्या 75 हजार रुपये तक पहुंच सकती है सैलरी? (8th Pay Commission) कुछ अनुमानों में कहा जा रहा है कि संशोधित बेसिक पे के साथ DA, HRA और दूसरे भत्ते जोड़ने पर मेट्रो शहर में बैंक क्लर्क की कुल मासिक सैलरी 75 हजार रुपये के आसपास जा सकती है। हालांकि इसे मौजूदा या तय सैलरी नहीं माना जाना चाहिए। वास्तविक रकम फिटमेंट फैक्टर, भत्तों, पोस्टिंग की जगह और बैंकिंग कर्मचारियों के लिए लागू वेतन संशोधन पर निर्भर करेगी।

Banking Jobs: ग्रेजुएशन के बाद खुलते हैं कई रास्ते, इन सरकारी पदों पर मिल सकती है नौकरी

New Delhi: ग्रेजुएशन के बाद सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए बैंकिंग सेक्टर (Banking Jobs) एक बड़ा विकल्प बन सकता है। खास बात यह है कि कई प्रमुख बैंकिंग परीक्षाओं में किसी भी विषय से ग्रेजुएशन करने वाले उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं। यही वजह है कि आर्ट्स, कॉमर्स, साइंस समेत अलग-अलग स्ट्रीम के छात्र बैंकिंग परीक्षाओं की तैयारी करते हैं। SBI और IBPS जैसी संस्थाएं समय-समय पर अलग-अलग पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया आयोजित करती हैं। वहीं RBI में भी ग्रेजुएट उम्मीदवारों के लिए कई महत्वपूर्ण पदों पर अवसर मिलते हैं। क्लर्क से शुरू कर सकते हैं बैंकिंग करियर (Banking Jobs) बैंकिंग सेक्टर में शुरुआती स्तर पर क्लर्क की नौकरी युवाओं के बीच काफी लोकप्रिय है। SBI Clerk और IBPS Clerk जैसी परीक्षाओं के जरिए उम्मीदवार बैंक में एंट्री ले सकते हैं। क्लर्क की जिम्मेदारियों में ग्राहकों की मदद करना, कैश से जुड़े काम, अकाउंट से संबंधित सेवाएं और रोजमर्रा के बैंकिंग ऑपरेशन शामिल हो सकते हैं। नौकरी के साथ अनुभव हासिल करने और विभागीय या प्रमोशन परीक्षाओं के जरिए आगे बढ़ने के अवसर भी मिलते हैं। PO पद में जिम्मेदारी के साथ बढ़ता है करियर (Banking Jobs) अगर आपका लक्ष्य शुरुआत से ही ऑफिसर लेवल की भूमिका में जाने का है, तो SBI PO और IBPS PO जैसे विकल्प महत्वपूर्ण हैं। PO यानी प्रोबेशनरी ऑफिसर के तौर पर बैंकिंग ऑपरेशन के साथ ब्रांच से जुड़े कई महत्वपूर्ण काम संभालने पड़ते हैं। इसमें लोन प्रोसेसिंग, ब्रांच मैनेजमेंट, ग्राहकों से जुड़े मामलों को देखना और स्टाफ से संबंधित जिम्मेदारियां शामिल हो सकती हैं। अनुभव और प्रमोशन के साथ अधिकारी बड़े पदों तक पहुंच सकते हैं। खास डिग्री वालों के लिए SO का विकल्प (Banking Jobs) IT, लॉ, एग्रीकल्चर, मार्केटिंग या HR जैसे क्षेत्रों में पढ़ाई करने वाले उम्मीदवार Specialist Officer यानी SO पद पर भी करियर बना सकते हैं। IBPS SO भर्ती में अलग-अलग विशेषज्ञता वाले पद शामिल होते हैं। इसका फायदा यह है कि उम्मीदवार अपनी पढ़ाई और विशेषज्ञता से जुड़े क्षेत्र में बैंकिंग सेक्टर में काम करने का मौका पा सकते हैं। हालांकि पद के अनुसार शैक्षणिक योग्यता और पात्रता अलग हो सकती है। RBI में भी मिलते हैं बड़े मौके (Banking Jobs) Reserve Bank of India में Assistant और Grade B Officer जैसे पद युवाओं के बीच काफी पसंद किए जाते हैं। RBI Assistant में बैंकिंग से जुड़े नियमित कामों की जिम्मेदारी होती है, जबकि Grade B Officer का पद ज्यादा जिम्मेदारी और प्रतिस्पर्धा वाला माना जाता है। RBI की भर्तियों में चयन प्रक्रिया पद के अनुसार अलग हो सकती है, इसलिए आवेदन करने से पहले आधिकारिक नोटिफिकेशन में योग्यता, उम्र सीमा और परीक्षा पैटर्न जरूर देखना चाहिए। RRB भी हो सकता है अच्छा विकल्प (Banking Jobs) ग्रामीण और छोटे शहरों में बैंकिंग सेवाओं से जुड़कर करियर बनाने की इच्छा रखने वाले उम्मीदवार IBPS RRB की परीक्षाओं पर भी नजर रख सकते हैं। RRB में ऑफिसर और असिस्टेंट स्तर के पदों पर भर्ती होती है। किस पद से करें शुरुआत? (Banking Jobs) अगर जल्दी बैंकिंग सेक्टर में प्रवेश का लक्ष्य है, तो क्लर्क पद एक विकल्प हो सकता है। वहीं मैनेजमेंट और ऑफिसर लेवल की जिम्मेदारी पसंद है तो PO की तैयारी की जा सकती है। जिन उम्मीदवारों के पास किसी खास क्षेत्र की डिग्री है, वे Specialist Officer के विकल्प को देख सकते हैं। हालांकि हर भर्ती की पात्रता और नियम अलग हो सकते हैं। इसलिए किसी भी परीक्षा की तैयारी शुरू करने से पहले संबंधित संस्था की आधिकारिक भर्ती अधिसूचना जरूर पढ़ें।

रात में पढ़ाई के दौरान अटका सवाल? अब 24 घंटे मिलेगा समाधान! बिहार सरकार ने लॉन्च किया Vidya Sathi App

New Delhi: बिहार के स्कूली छात्रों और JEE व NEET परीक्षाओं की तैयारी करने वालों के लिए एक अच्छी खबर है। बिहार सरकार ने छात्रों के लिए पढ़ाई को आसान और ज्यादा असरदार बनाने के लिए “Vidya Sathi App” ऐप लॉन्च किया है। AI-आधारित यह डिजिटल प्लेटफॉर्म छात्रों को मुफ्त, 24 घंटे लाइव शिक्षा और वन-ऑन-वन ​​ट्यूटर सपोर्ट देगा। सरकार की इस पहल का मकसद अच्छी क्वालिटी की शिक्षा देना है, ताकि छात्र घर बैठे अपनी पढ़ाई जारी रख सकें। शुरुआती चरण में लगभग 3 लाख छात्रों को इससे जोड़ने की योजना है। छात्रों की मदद के लिए 75,000 शिक्षक उपलब्ध इस ऐप की एक खास बात इसका लाइव ट्यूटर सपोर्ट है। छात्रों के सवालों के जवाब देने और उनकी पढ़ाई से जुड़ी मुश्किलों को दूर करने के लिए प्लेटफॉर्म पर लगभग 75,000 शिक्षक उपलब्ध होंगे। अगर छात्र देर रात पढ़ाई करते समय किसी टॉपिक या सवाल पर अटक जाते हैं, तो वे अपने डाउट क्लियर करने के लिए तुरंत किसी शिक्षक से जुड़ सकते हैं। साथ ही, छात्रों के पास अपनी पसंद का शिक्षक चुनने का विकल्प भी होगा। क्लास 9-12 और JEE-NEET की तैयारी के लिए सपोर्ट “Vidya Sathi App” ऐप खास तौर पर क्लास 9 से 12 तक के छात्रों के लिए बनाया गया है। यह बिहार बोर्ड के छात्रों और साइंस स्ट्रीम के छात्रों, दोनों को खास मदद देगा। इस ऐप के जरिए छात्रों को डिजिटल स्टडी मटीरियल, सवालों के समाधान और JEE व NEET जैसी कॉम्पिटिटिव परीक्षाओं के लिए शिक्षकों से लगातार गाइडेंस मिलेगी। कभी भी, कहीं भी पढ़ाई करें इस स्कीम का मकसद छात्रों को बेहतरीन एजुकेशनल रिसोर्स देना है, ताकि वे अपनी जगह या हालात की परवाह किए बिना पढ़ाई जारी रख सकें। ऐप में अनलिमिटेड लर्निंग, लाइव क्लास और पर्सनलाइज्ड गाइडेंस जैसे फीचर हैं। शुरुआती तौर पर 700 मॉडल स्कूलों में प्रोजेक्ट लॉन्च अभी के लिए, “Vidya Sathi App” ऐप राज्य भर के 700 ‘सरस्वती विद्या निकेतन’ मॉडल स्कूलों में लॉन्च किया गया है। भविष्य में इस सुविधा को दूसरे छात्रों तक भी पहुंचाने की योजना बनाई जा सकती है। सरकार की इस पहल को डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने और छात्रों को परीक्षा की तैयारी के लिए बेहतर मौके देने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है। निष्कर्ष अगर आपको सरकारी जॉब वैकेंसी, भर्ती परीक्षाओं और नौकरी से जुड़ी हर जरूरी जानकारी समय पर चाहिए, तो युवा डाइनामाइट न्यूज़ के इस पेज को जरूर फॉलो करें। यहां आपको सरकारी नौकरियों से जुड़े लेटेस्ट अपडेट सबसे पहले मिलते रहेंगे।

Sainik School Recruitment: 10वीं-12वीं पास भी कर सकते हैं आवेदन!, शिक्षक से लेकर क्लर्क तक कई पद खाली

New Delhi: स्कूल में नौकरी करने का सपना देख रहे उम्मीदवारों के लिए सैनिक स्कूल (Sainik School Recruitment) संबलपुर, ओडिशा ने भर्ती का मौका दिया है। यहां टीचिंग और नॉन-टीचिंग स्टाफ के कई पदों पर आवेदन मांगे गए हैं। भर्ती में पीजीटी और टीजीटी शिक्षकों के अलावा पीईएम-पीटीआई कम मैट्रन, आर्ट मास्टर, लैब असिस्टेंट और लोअर डिवीजन क्लर्क यानी एलडीसी के पद शामिल हैं। भर्ती के कुछ पद नियमित आधार पर और कुछ संविदा के आधार पर भरे जाएंगे। खास बात यह है कि सभी पदों के लिए एक जैसी योग्यता नहीं है। ऐसे में 10वीं और 12वीं पास उम्मीदवारों के लिए भी अवसर मौजूद है। किस-किस पद पर होगी नियुक्ति? (Sainik School Recruitment) पीजीटी में फिजिक्स, केमिस्ट्री, बायोलॉजी, मैथ्स और कंप्यूटर साइंस के पद हैं। वहीं टीजीटी में सोशल साइंस, जनरल साइंस, मैथमेटिक्स और इंग्लिश विषय शामिल हैं। नॉन-टीचिंग और संविदा वाले पदों में पीईएम-पीटीआई कम मैट्रन, आर्ट मास्टर, बायोलॉजी लैब असिस्टेंट और एलडीसी शामिल हैं। पीजीटी मैथ्स के दो पद हैं, जबकि बाकी बताए गए पदों पर एक-एक वैकेंसी है। योग्यता पद के हिसाब से अलग (Sainik School Recruitment) पीजीटी के लिए संबंधित विषय में कम से कम 50 प्रतिशत अंकों के साथ पोस्ट ग्रेजुएशन और बीएड या निर्धारित इंटीग्रेटेड एमएड योग्यता मांगी गई है। कंप्यूटर साइंस के लिए एमएससी कंप्यूटर साइंस या एमटेक जैसी योग्यता निर्धारित है। टीजीटी पदों के लिए संबंधित विषय में चार वर्षीय इंटीग्रेटेड डिग्री के साथ बीएड जरूरी है। साथ ही सीटीईटी पेपर-2 या टीईटी पास होना आवश्यक है। पीईएम-पीटीआई कम मैट्रन के लिए फिजिकल एजुकेशन में बैचलर डिग्री या डिप्लोमा चाहिए। आर्ट मास्टर के लिए संबंधित फाइन आर्ट, ड्राइंग एंड पेंटिंग, स्कल्पचर या ग्राफिक आर्ट की योग्यता मांगी गई है। लैब असिस्टेंट पद के लिए साइंस विषय से इंटरमीडिएट और एलडीसी के लिए 10वीं पास उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं। उम्र सीमा और चयन प्रक्रिया क्या है? पीजीटी के लिए उम्र 21 से 40 वर्ष, जबकि टीजीटी के लिए 21 से 35 वर्ष निर्धारित है। पीईएम-पीटीआई कम मैट्रन और आर्ट मास्टर के लिए अधिकतम उम्र 50 वर्ष है। लैब असिस्टेंट की उम्र सीमा भी 21 से 50 वर्ष है। एलडीसी के लिए 18 से 50 वर्ष तक के उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं। चयन प्रक्रिया में पहले लिखित परीक्षा होगी। इसके बाद स्किल/प्रैक्टिकल टेस्ट और इंटरव्यू लिया जाएगा। संविदा वाले पदों पर भी यही प्रक्रिया लागू होगी। 47 हजार से ज्यादा तक शुरुआती वेतन नियमित पीजीटी पदों पर चयनित उम्मीदवारों को सातवें वेतन आयोग के पे लेवल-8 के तहत 47,600 से 1,51,100 रुपये तक वेतन मिलेगा। टीजीटी के लिए पे लेवल-7 के तहत 44,900 से 1,42,400 रुपये वेतन निर्धारित है। अन्य पदों में पीईएम-पीटीआई कम मैट्रन को 40,000, आर्ट मास्टर को 70,500, लैब असिस्टेंट को 33,000 और एलडीसी को 30,000 रुपये प्रतिमाह वेतन मिलेगा। 7 सितंबर तक भेजना होगा आवेदन आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और उम्मीदवारों को ऑफलाइन फॉर्म भरकर स्पीड पोस्ट या रजिस्टर्ड पोस्ट के जरिए भेजना होगा। आवेदन की अंतिम तारीख 7 सितंबर है। जनरल और ओबीसी उम्मीदवारों के लिए आवेदन शुल्क 500 रुपये और एससी-एसटी उम्मीदवारों के लिए 250 रुपये निर्धारित है। फीस जमा करने के बाद आवेदन फॉर्म, जरूरी दस्तावेज और फीस की रसीद स्कूल के पते पर भेजनी होगी।

हापुड़ में YouTubers की एंट्री बैन, BSA ने जारी किया बड़ा आदेश

Hapur: हापुड़ के परिषदीय स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों की सुरक्षा और स्कूल में पढ़ाई का माहौल बेहतर बनाए रखने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग ने सख्ती बढ़ा दी है। अब कोई भी बाहरी व्यक्ति, यू-ट्यूबर (YouTubers) या सोशल मीडिया से जुड़ा व्यक्ति बिना अनुमति स्कूल परिसर में प्रवेश नहीं कर सकेगा। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) दीपा भाटी ने सभी संबंधित प्रभारी प्रधानाध्यापकों को आदेश का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। विभाग ने साफ किया है कि स्कूल में बिना अनुमति किसी भी तरह की गतिविधि की इजाजत नहीं होगी। फोटो और वीडियो बनाने पर भी रोक (YouTubers) विभाग के सामने यह बात आई थी कि कुछ बाहरी लोग और यू-ट्यूबर्स बिना अनुमति स्कूलों में पहुंचकर स्कूल, शिक्षकों और परिसर के फोटो-वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर शेयर कर रहे हैं। अधिकारियों के मुताबिक, इस तरह की गतिविधियों से कई बार स्कूल में चल रही पढ़ाई प्रभावित होती है। साथ ही शिक्षकों की गरिमा और विभाग की छवि पर भी इसका असर पड़ सकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए अब किसी बाहरी व्यक्ति को स्कूल में प्रवेश से पहले संबंधित अधिकारी से अनुमति लेनी होगी। फोटो या वीडियो बनाने के लिए भी अनुमति जरूरी होगी। स्कूलों में पहले से मौजूद है निरीक्षण का सिस्टम (YouTubers) आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि स्कूलों की निगरानी और निरीक्षण के लिए शासन और प्रशासन की ओर से जनपद और ब्लॉक स्तर पर अधिकारियों की जिम्मेदारी तय है। ये अधिकारी समय-समय पर स्कूलों में पहुंचकर पढ़ाई, व्यवस्थाओं और अन्य गतिविधियों की निगरानी करते हैं। ऐसे में विभाग का कहना है कि स्कूलों की मॉनिटरिंग के लिए अनधिकृत लोगों के प्रवेश की जरूरत नहीं है। इस कदम का एक अहम मकसद यह भी है कि बच्चों की मौजूदगी वाले परिसर में बिना अनुमति फोटो और वीडियो बनाए जाने जैसी गतिविधियों पर रोक लगाई जा सके। गेट बंद रखने का भी आदेश बीएसए ने स्कूलों के गेट को लेकर भी सख्त निर्देश दिए हैं। प्रभारी प्रधानाध्यापकों को कहा गया है कि स्कूल संचालन के दौरान और स्कूल बंद होने के बाद भी गेट को अनावश्यक रूप से खुला न रखा जाए। अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि स्कूल परिसर में कोई अनधिकृत गतिविधि न हो। साथ ही सभी निर्देशों का कड़ाई से पालन कराने की जिम्मेदारी भी संबंधित अधिकारियों और स्कूल प्रभारियों को दी गई है। विभाग के इस फैसले के बाद अब परिषदीय स्कूलों में सोशल मीडिया कंटेंट बनाने या किसी अन्य उद्देश्य से पहुंचने वाले बाहरी लोगों को पहले अनुमति लेनी होगी। यानी अब स्कूल परिसर में कैमरा लेकर पहुंचना उतना आसान नहीं होगा, जितना पहले था।