New Delhi: सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए रेलवे (Railway Vacancy 2026) से जुड़ी एक अहम खबर सामने आई है। इंडियन रेलवे की इंटीग्रल कोच फैक्ट्री (ICF) में अप्रेंटिस के 1010 पदों पर भर्ती का मौका दिया गया है। खास बात यह है कि इस भर्ती में उम्मीदवारों को लिखित परीक्षा नहीं देनी होगी। चयन 10वीं के अंकों के आधार पर तैयार होने वाली मेरिट लिस्ट से किया जाएगा।
फ्रेशर्स भी कर सकते हैं आवेदन (Railway Vacancy 2026)
इस भर्ती की सबसे खास बात उन युवाओं के लिए है, जिनके पास अभी किसी नौकरी का अनुभव नहीं है। अप्रेंटिसशिप के जरिए उन्हें रेलवे के कामकाज से जुड़कर ट्रेनिंग और अनुभव हासिल करने का मौका मिलेगा। भर्ती में फ्रेशर्स के साथ एक्स-आईटीआई उम्मीदवारों को भी शामिल किया गया है।
आवेदन की प्रक्रिया ऑनलाइन रखी गई है और उम्मीदवार इंटीग्रल कोच फैक्ट्री की आधिकारिक वेबसाइट के जरिए आवेदन कर सकते हैं। आवेदन करने से पहले उम्मीदवारों को नोटिफिकेशन में दी गई योग्यता और उम्र से जुड़ी शर्तों को ध्यान से देखना जरूरी होगा।
10वीं के नंबर बन सकते हैं चयन की चाबी
अप्रेंटिस पदों के लिए उम्मीदवारों की मेरिट 10वीं कक्षा के अंकों के आधार पर तैयार की जाएगी। यानी यहां लिखित परीक्षा के बजाय स्कूल की मार्कशीट अहम भूमिका निभाएगी। अगर दो उम्मीदवारों के अंक समान रहते हैं, तो अधिक उम्र वाले उम्मीदवार को प्राथमिकता दी जा सकती है।
कोविड अवधि में 10वीं पास करने वाले उम्मीदवारों की मार्कशीट से जुड़े दस्तावेजों को लेकर भी विशेष शर्तें रखी गई हैं। वहीं, अंकों से संबंधित दस्तावेज जमा करते समय उम्मीदवारों को किसी भी गलती से बचना होगा।
उम्र की सीमा भी जान लें (Railway Vacancy 2026)
अप्रेंटिसशिप के लिए सामान्य तौर पर न्यूनतम उम्र 15 वर्ष रखी गई है। नॉन-आईटीआई और फ्रेशर उम्मीदवारों के लिए अधिकतम उम्र 22 वर्ष तक बताई गई है, जबकि संबंधित श्रेणियों में अधिकतम उम्र 24 वर्ष तक हो सकती है। आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों को सरकारी नियमों के अनुसार ऊपरी आयु सीमा में छूट भी दी जाएगी।
कितनी मिलेगी हर महीने रकम?
अप्रेंटिसशिप के दौरान उम्मीदवारों को स्टाइपेंड दिया जाएगा। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक 10वीं पास फ्रेशर्स को हर महीने 8,200 रुपये और 12वीं पास उम्मीदवारों को 9,600 रुपये तक स्टाइपेंड मिल सकता है। एक्स-आईटीआई उम्मीदवारों के लिए भी स्टाइपेंड 9,600 रुपये बताया गया है।
सबसे दिलचस्प बात यह है कि दूसरे साल स्टाइपेंड में करीब 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी का प्रावधान है। हालांकि, आवेदन करने से पहले उम्मीदवारों को आधिकारिक नोटिफिकेशन में अपनी कैटेगरी और पात्रता जरूर जांचनी चाहिए।








