New Delhi: जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट के उपचुनाव में शानदार जीत हासिल की है। मुख्य रूप से चुनावी रणनीतिकार के तौर पर पहचाने जाने वाले किशोर पहली बार उम्मीदवार के तौर पर चुनावी मैदान में उतरे थे। अपने पहले ही चुनाव में मिली इस जीत के बाद वे पूरे देश में चर्चा का विषय बन गए हैं।
Prashant Kishor पढ़ाई में भी रहे आगे
प्रशांत किशोर ने अपनी शुरुआती शिक्षा बिहार में पूरी की। उन्होंने बक्सर के एमपी हाई स्कूल से 10वीं और पटना साइंस कॉलेज से 12वीं की परीक्षा पास की। इसके बाद, उन्होंने लखनऊ यूनिवर्सिटी से BBA की डिग्री हासिल की और बाद में हैदराबाद से हेल्थकेयर एडमिनिस्ट्रेशन में मास्टर डिग्री प्राप्त की। उन्होंने फ्रांस में फ्रेंच भाषा का एक विशेष कोर्स भी पूरा किया।
पब्लिक हेल्थ में करियर की शुरुआत
राजनीति में आने से पहले, प्रशांत किशोर ने एक अंतरराष्ट्रीय पब्लिक हेल्थ एक्सपर्ट के तौर पर काम किया। उन्होंने लगभग आठ वर्षों तक संयुक्त राष्ट्र (UN) के एक प्रोजेक्ट पर काम किया, जिसके दौरान उन्हें कई देशों में काम करने का मौका मिला।
प्रमुख नेताओं के लिए चुनावी रणनीतिकार
प्रशांत किशोर ने 2011 के बाद चुनावी रणनीतिकार के तौर पर काम करना शुरू किया। उन्होंने नरेंद्र मोदी, नीतीश कुमार, ममता बनर्जी और एम.के. स्टालिन सहित कई प्रमुख नेताओं के चुनाव अभियानों में अहम भूमिका निभाई। नतीजतन, उनकी गिनती देश के सबसे सफल चुनावी रणनीतिकारों में होती है।
2024 में अपनी पार्टी की लॉन्च
प्रशांत किशोर ने 2 अक्टूबर 2024 को ‘जन सुराज’ पार्टी लॉन्च की। हालांकि उनकी पार्टी शुरुआती विधानसभा चुनावों में कोई सीट नहीं जीत पाई थी, लेकिन अब उन्होंने बांकीपुर उपचुनाव जीतकर अपनी राजनीतिक पारी की शानदार शुरुआत की है। इस जीत को बिहार की राजनीति में जन सुराज के लिए एक बड़ी उपलब्धि के तौर पर देखा जा रहा है।