Comscore Analytics
Section-Specific Split Button

EWS Admission 2026: 20 सितंबर के बाद नहीं मिलेगा मौका! दिल्ली में EWS एडमिशन के लिए आज ही भर दें फॉर्म

New Delhi: दिल्ली के प्राइवेट स्कूलों में EWS और फ्रीशिप कैटेगरी के तहत एडमिशन (EWS Admission 2026) का इंतजार कर रहे अभिभावकों के लिए जरूरी अपडेट सामने आया है। दिल्ली शिक्षा निदेशालय ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए कक्षा 2 से आगे की कक्षाओं में खाली EWS और फ्रीशिप सीटों पर दाखिले की ऑनलाइन प्रक्रिया शुरू कर दी है। आवेदन की आखिरी तारीख 20 सितंबर 2026 तय की गई है। 8 सितंबर से शुरू हुई आवेदन प्रक्रिया शिक्षा निदेशालय के मुताबिक ऑनलाइन आवेदन (EWS Admission 2026) प्रक्रिया 8 सितंबर से शुरू हो चुकी है। जिन अभिभावकों के बच्चे निर्धारित पात्रता पूरी करते हैं, वे तय समय सीमा के भीतर आवेदन कर सकते हैं। आवेदन खत्म होने के बाद खाली सीटों के लिए कंप्यूटरीकृत ड्रॉ ऑफ लॉट्स कराया जाएगा। मौजूदा शेड्यूल के अनुसार ड्रॉ 24 सितंबर 2026 को होने की संभावना है। इस प्रक्रिया में सीट मिलने का फैसला अभिभावकों द्वारा चुने गए स्कूलों और उनके आवासीय पते के आधार पर कंप्यूटराइज्ड ड्रॉ से किया जाएगा। इन स्कूलों में मिलेगा एडमिशन (EWS Admission 2026) यह एडमिशन प्रक्रिया दिल्ली में सरकारी या DDA की ओर से आवंटित जमीन पर चल रहे निजी गैर-सहायता प्राप्त मान्यता प्राप्त स्कूलों में खाली EWS और फ्रीशिप सीटों के लिए है। हालांकि, अल्पसंख्यक संस्थानों को इस प्रक्रिया से बाहर रखा गया है। अभिभावकों को आवेदन में अपना पता सही दर्ज करना होगा। गलत लोकेलिटी या पता देकर पसंदीदा स्कूल में एडमिशन लेने की कोशिश करने पर नियमों के अनुसार कार्रवाई हो सकती है। किसे मिलेगा EWS कैटेगरी का लाभ? EWS कैटेगरी में आवेदन करने वाले परिवार की सभी स्रोतों से सालाना आय 5 लाख रुपये से कम होनी चाहिए। इसके लिए दिल्ली सरकार के राजस्व विभाग से जारी वैध आय प्रमाण पत्र जरूरी है। इसके अलावा BPL, AAY राशन कार्ड या फूड सिक्योरिटी कार्ड वाले परिवारों के बच्चे भी पात्र हो सकते हैं। आवेदन करने वाले बच्चे का दिल्ली का निवासी होना जरूरी है। कक्षा के हिसाब से उम्र भी तय कक्षा 2 से 9 तक दाखिले के लिए उम्र की शर्त भी लागू होगी। 31 मार्च 2026 को कक्षा 2 के लिए बच्चे की उम्र 6 साल या उससे अधिक और 7 साल से कम होनी चाहिए। कक्षा 3 के लिए उम्र 7 से 8 साल से कम और कक्षा 4 के लिए 8 से 9 साल से कम निर्धारित है। आगे की कक्षाओं में भी उम्र सीमा इसी तरह एक-एक साल बढ़ती जाएगी। एक बच्चे के लिए सिर्फ एक आवेदन (EWS Admission 2026) अभिभावकों को फॉर्म भरते समय खास सावधानी रखनी होगी। एक बच्चे के लिए केवल एक रजिस्ट्रेशन और आवेदन किया जा सकता है। डुप्लीकेट आवेदन मिलने पर रजिस्ट्रेशन रद्द हो सकता है। आवेदन से पहले जन्म प्रमाण पत्र, पता प्रमाण, EWS आय प्रमाण पत्र, जरूरत होने पर जाति प्रमाण पत्र, CWSN कैटेगरी के लिए दिव्यांगता प्रमाण पत्र और हाल की पासपोर्ट साइज फोटो जैसे दस्तावेज तैयार रखना बेहतर होगा।

IIT Delhi Project Management Course 2026: 7 महीने का ऑनलाइन प्रोग्राम, ग्रेजुएट कर सकते हैं आवेदन

Government Jobs

New Delhi, (IIT Delhi Project Management Course 2026): करियर में आगे बढ़ने और प्रोजेक्ट मैनेजमेंट की स्किल मजबूत करने की तैयारी कर रहे युवाओं और वर्किंग प्रोफेशनल्स के लिए IIT दिल्ली ने नया अवसर दिया है। संस्थान के Continuing Education Programme (CEP) के तहत Executive Programme in Advanced Project Management का नया बैच शुरू किया जा रहा है। यह 7 महीने का ऑनलाइन प्रोग्राम है, जिसमें किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन करने वाले उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं। IIT Delhi Project Management Course 2026: 7 महीने का ऑनलाइन प्रोग्राम IIT दिल्ली का यह प्रोग्राम 26 सितंबर 2026 से शुरू होगा और 21 मार्च 2027 तक चलेगा। इसकी पढ़ाई लाइव ऑनलाइन सेशन के जरिए होगी। क्लास शनिवार को सुबह 10 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक आयोजित की जाएंगी, जिससे नौकरी करने वाले प्रोफेशनल्स भी अपनी नौकरी के साथ इसे कर सकेंगे। प्रोग्राम में प्रोजेक्ट प्लानिंग, रिसोर्स मैनेजमेंट, बजटिंग, रिस्क मैनेजमेंट, प्रोजेक्ट शेड्यूलिंग, Agile Project Management, टीम लीडरशिप और कॉन्ट्रैक्ट मैनेजमेंट जैसे विषयों पर पढ़ाई कराई जाएगी। इसमें प्रैक्टिकल लर्निंग के लिए Primavera P6 और Harvard Case Studies का भी इस्तेमाल किया जाएगा। IIT Delhi Project Management Course 2026: कौन कर सकता है आवेदन? इस प्रोग्राम के लिए किसी भी विषय में ग्रेजुएशन करने वाले उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं। IIT दिल्ली के अनुसार मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएट उम्मीदवार पात्र हैं। यह प्रोग्राम खासतौर पर वर्किंग प्रोफेशनल्स, प्रोजेक्ट मैनेजर्स, प्रोजेक्ट लीडर्स, उद्यमियों और उन युवाओं के लिए उपयोगी हो सकता है, जो प्रोजेक्ट मैनेजमेंट और लीडरशिप से जुड़ी अपनी स्किल्स को मजबूत करना चाहते हैं। IIT Delhi Project Management Course 2026: सर्टिफिकेट और फीस प्रोग्राम की फीस ₹1,64,000 है, जिस पर 18 प्रतिशत GST अतिरिक्त लागू होगा। आवेदन के समय ₹1,000 की एप्लीकेशन फीस भी देनी होगी। निर्धारित उपस्थिति और मूल्यांकन की शर्तें पूरी करने वाले उम्मीदवारों को CEP, IIT दिल्ली की ओर से ई-सर्टिफिकेट दिया जाएगा। सफलतापूर्वक पूरा करने वाले उम्मीदवारों के लिए न्यूनतम 50 प्रतिशत ओवरऑल स्कोर और 60 प्रतिशत अटेंडेंस की शर्त दी गई है। IIT Delhi Project Management Course 2026: आवेदन की आखिरी तारीख इच्छुक उम्मीदवार IIT दिल्ली के Continuing Education Programme पोर्टल के जरिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इस बैच के लिए आवेदन की अंतिम तारीख 24 सितंबर 2026 है। प्रोग्राम 26 सितंबर से शुरू होगा, इसलिए इच्छुक उम्मीदवार समय रहते आवेदन कर सकते हैं। निष्कर्ष: अगर आप जॉब के साथ अपनी प्रोफेशनल स्किल्स को बेहतर बनाना चाहते हैं, तो IIT Delhi Project Management Course 2026 आपके लिए एक विकल्प हो सकता है। ऐसी जॉब, कोर्स और करियर से जुड़ी जानकारी के लिए युवा डाइनामाइट न्यूज़ को जरूर फॉलो करें।

IGNOU Admission: सिर्फ 1 साल में पत्रकारिता की पढ़ाई! जानिए कौन कर सकता है आवेदन

IGNOU Admission: अगर आप पत्रकारिता या मास कम्युनिकेशन के क्षेत्र में कदम रखना चाहते हैं, लेकिन लंबी अवधि के कोर्स की वजह से फैसला नहीं कर पा रहे हैं, तो IGNOU का नया एडमिशन आपके लिए काम की खबर है। इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय ने MA Journalism and Mass Communication प्रोग्राम में दाखिले की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस कोर्स की सबसे बड़ी खासियत इसकी अवधि है। यह मास्टर प्रोग्राम एक साल में पूरा किया जा सकता है। इतना ही नहीं, छात्रों को पढ़ाई के लिए रोजाना कॉलेज जाने की जरूरत भी नहीं होगी, क्योंकि यह कोर्स Open Distance Learning यानी ODL मोड में संचालित किया जाएगा। हिंदी या अंग्रेजी, अपनी पसंद से पढ़ाई (IGNOU Admission) IGNOU का MA Journalism and Mass Communication प्रोग्राम हिंदी और अंग्रेजी, दोनों माध्यमों में उपलब्ध है। इसका संचालन विश्वविद्यालय के School of Journalism and New Media Studies के तहत किया जाता है। पत्रकारिता, मास कम्युनिकेशन और न्यू मीडिया में रुचि रखने वाले छात्रों के लिए यह कोर्स खास हो सकता है। खासकर वे विद्यार्थी जो नौकरी या दूसरी जिम्मेदारियों के साथ पढ़ाई जारी रखना चाहते हैं, उनके लिए डिस्टेंस लर्निंग का विकल्प सुविधाजनक हो सकता है। लेकिन हर ग्रेजुएट नहीं ले सकता एडमिशन यहां सबसे जरूरी बात योग्यता की है। इस प्रोग्राम में दाखिले के लिए उम्मीदवार के पास चार साल की ग्रेजुएशन डिग्री होनी चाहिए। इसके अलावा चार वर्षीय ऑनर्स डिग्री विद रिसर्च वाले उम्मीदवार भी आवेदन कर सकते हैं। यानी सिर्फ किसी भी तीन वर्षीय ग्रेजुएशन के आधार पर सीधे पात्र मान लेना सही नहीं होगा। आवेदन करने से पहले उम्मीदवारों को अपने शैक्षणिक बैकग्राउंड और मौजूदा एडमिशन नियमों की जानकारी आधिकारिक पोर्टल पर जरूर जांचनी चाहिए। एडमिशन के लिए कहां और कैसे करें आवेदन? इच्छुक उम्मीदवार IGNOU के ODL Admission Portal के जरिए आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए सबसे पहले नया रजिस्ट्रेशन करना होगा। रजिस्ट्रेशन के दौरान मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी दर्ज करनी होगी। अकाउंट बनने के बाद लॉगिन करके MA Journalism and Mass Communication (MAJMCOY) प्रोग्राम का चयन करना होगा। इसके बाद आवेदन फॉर्म में व्यक्तिगत जानकारी और शैक्षणिक विवरण भरना होगा। फॉर्म के साथ मांगे गए जरूरी दस्तावेजों की स्कैन कॉपी भी अपलोड करनी होगी। इसके बाद निर्धारित फीस का ऑनलाइन भुगतान करना होगा। IGNOU के अनुसार फीस जमा करने के लिए नेट बैंकिंग, डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड और UPI जैसे विकल्प इस्तेमाल किए जा सकते हैं। फॉर्म भरते समय एक गलती पड़ सकती है भारी (IGNOU Admission) आवेदन सबमिट करने से पहले उम्मीदवारों को फॉर्म में भरी हर जानकारी ध्यान से जांचनी चाहिए। नाम, जन्मतिथि, शैक्षणिक जानकारी और दस्तावेजों में किसी तरह की गलती आगे परेशानी पैदा कर सकती है। फॉर्म जमा होने के बाद आवेदन से जुड़ी जानकारी रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर या ईमेल पर मिल सकती है। उम्मीदवारों को अपने आवेदन की स्थिति भी समय-समय पर चेक करते रहना चाहिए। पत्रकारिता में करियर का रास्ता हो सकता है आसान डिजिटल मीडिया के बढ़ते दौर में पत्रकारिता का क्षेत्र अब सिर्फ अखबार और टीवी तक सीमित नहीं है। डिजिटल न्यूज, सोशल मीडिया, कंटेंट और न्यू मीडिया ने इस क्षेत्र में काम के कई नए रास्ते खोले हैं। ऐसे में IGNOU का एक वर्षीय MA Journalism and Mass Communication प्रोग्राम उन छात्रों के लिए एक विकल्प हो सकता है, जो कम समय में उच्च शिक्षा हासिल करना चाहते हैं। हालांकि आवेदन से पहले कोर्स की फीस, पात्रता, अंतिम तारीख और अन्य नियम IGNOU के आधिकारिक पोर्टल पर जरूर जांचें।

Railway University Admission: PM मोदी ने जिस यूनिवर्सिटी का किया जिक्र, जानिए एडमिशन का पूरा रास्ता

Railway University Admission: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के वड़ोदरा में एक कार्यक्रम के दौरान देश के ट्रांसपोर्ट और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर से जुड़े विकास का जिक्र करते हुए गति शक्ति विश्वविद्यालय की भी चर्चा की। इसके बाद से इस खास यूनिवर्सिटी को लेकर छात्रों की दिलचस्पी बढ़ गई है। खास बात यह है कि यह संस्थान सामान्य यूनिवर्सिटी (Railway University Admission:) से अलग है और रेलवे, परिवहन, लॉजिस्टिक्स समेत इससे जुड़े क्षेत्रों में पढ़ाई और करियर के अवसरों पर खास फोकस करता है। वड़ोदरा स्थित इस संस्थान को पहले नेशनल रेल एंड ट्रांसपोर्टेशन इंस्टीट्यूट (NRTI) के नाम से जाना जाता था। बाद में इसे केंद्रीय विश्वविद्यालय का दर्जा मिला और इसका नाम गति शक्ति विश्वविद्यालय (Gati Shakti Vishwavidyalaya) कर दिया गया। रेलवे से लेकर लॉजिस्टिक्स तक पढ़ाई गति शक्ति विश्वविद्यालय में छात्रों को इंजीनियरिंग के साथ मैनेजमेंट से जुड़े कई विकल्प मिलते हैं। यहां बीटेक, बीबीए, एमबीए, एमटेक और पीएचडी स्तर के प्रोग्राम उपलब्ध हैं। बीटेक में सिविल इंजीनियरिंग जैसे विषय शामिल हैं। वहीं एमटेक में इंटेलिजेंट ट्रांसपोर्ट सिस्टम, रेलवे इंजीनियरिंग, ब्रिज एंड टनल इंजीनियरिंग तथा रोड्स एंड हाईवे इंजीनियरिंग जैसे विशेष क्षेत्रों पर पढ़ाई कराई जाती है। मैनेजमेंट की पढ़ाई करने वाले छात्रों के लिए भी यहां कई अलग विकल्प हैं। एमबीए में लॉजिस्टिक्स एंड सप्लाई चेन मैनेजमेंट, मल्टी-मॉडल ट्रांसपोर्टेशन, मेट्रो रेल मैनेजमेंट, एविएशन एंड ऑपरेशंस मैनेजमेंट और डिजिटल मैरीटाइम जैसे क्षेत्र शामिल हैं। BTech के लिए कौन कर सकता है आवेदन? अगर आप यहां से बीटेक करना चाहते हैं तो 12वीं में फिजिक्स और मैथ्स होना जरूरी है। इसके साथ केमिस्ट्री, बायोलॉजी, बायोटेक्नोलॉजी या टेक्निकल वोकेशनल विषयों में से कोई एक विषय होना चाहिए। सामान्य वर्ग के उम्मीदवारों के लिए 12वीं में कम से कम 75 प्रतिशत अंक या टॉप 20 पर्सेंटाइल की शर्त बताई गई है। एससी और एसटी उम्मीदवारों के लिए न्यूनतम अंक की सीमा 65 प्रतिशत है। इसके अलावा बीटेक में प्रवेश के लिए JEE Main में शामिल होना और आवश्यक प्रक्रिया पूरी करना जरूरी है। JEE Main के बाद ऐसे मिलेगा एडमिशन बीटेक में प्रवेश की प्रक्रिया JEE Main से शुरू होती है। परीक्षा में प्राप्त रैंक के आधार पर उम्मीदवार JoSAA या CSAB काउंसलिंग में हिस्सा लेते हैं। इसके लिए संबंधित पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करना होता है। काउंसलिंग के दौरान छात्र अपनी पसंद के संस्थान और कोर्स का विकल्प भर सकते हैं। रैंक, कैटेगरी और उपलब्ध सीट के आधार पर सीट अलॉटमेंट होता है। सीट मिलने के बाद जरूरी दस्तावेज ऑनलाइन जमा करने और निर्धारित फीस का भुगतान करना होता है। इसके बाद एडमिशन की आगे की प्रक्रिया पूरी करने के लिए छात्रों को वड़ोदरा कैंपस में रिपोर्ट करना पड़ सकता है। छात्रों के लिए क्यों खास है यह यूनिवर्सिटी? गति शक्ति विश्वविद्यालय (Railway University Admission:) की खासियत इसका परिवहन और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर पर केंद्रित होना है। रेलवे के साथ-साथ रोड, मेट्रो, एविएशन, लॉजिस्टिक्स और सप्लाई चेन जैसे तेजी से बढ़ते क्षेत्रों को ध्यान में रखकर यहां पाठ्यक्रम तैयार किए गए हैं। यही वजह है कि इंजीनियरिंग और मैनेजमेंट के ऐसे छात्र, जो ट्रांसपोर्टेशन सेक्टर में भविष्य बनाना चाहते हैं, उनके लिए यह संस्थान एक अलग विकल्प बनकर सामने आया है।

IIT Madras Admission: क्लास 9 से 12 तक के छात्रों के लिए सुनहरा मौका, घर बैठे करें AI और डेटा साइंस जैसे कोर्स

New Delhi: स्कूल के छात्र अब भविष्य के लिए जरूरी स्किल्स सीखने के लिए IIT से जुड़ सकते हैं। इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी मद्रास (IIT Madras Admission) ने अपने ‘स्कूल कनेक्ट’ प्रोग्राम 2026 के लिए एप्लीकेशन प्रोसेस शुरू कर दिया है। इस पहल के जरिए, 9वीं से 12वीं कक्षा के छात्रों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), डेटा साइंस, साइबर सिक्योरिटी और इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम जैसे कई आधुनिक विषयों को पढ़ने का मौका मिलेगा। IIT मद्रास का स्कूल कनेक्ट प्रोग्राम क्या है? IIT मद्रास का स्कूल कनेक्ट प्रोग्राम स्कूल के छात्रों को हायर एजुकेशन और आधुनिक करियर (IIT Madras Admission) विकल्पों से परिचित कराने के मकसद से शुरू किया गया था। इस ऑनलाइन प्रोग्राम के जरिए छात्र अपनी रेगुलर पढ़ाई के साथ-साथ भविष्य के लिए जरूरी टेक्नोलॉजी और विषयों के बारे में जानकारी हासिल कर सकते हैं। इस पहल का मकसद छात्रों को 11वीं और 12वीं कक्षा के लिए अपने एकेडमिक स्ट्रीम चुनने और अपने भविष्य के करियर का रास्ता तय करने में मदद करना है। 9वीं से 12वीं कक्षा के छात्र अप्लाई कर सकते हैं पहले यह प्रोग्राम कुछ खास क्लास लेवल तक ही सीमित था, लेकिन अब इसमें 9वीं कक्षा के छात्रों (IIT Madras Admission) को भी शामिल किया गया है। इसके अलावा 10वीं, 11वीं और 12वीं कक्षा के छात्र भी इसमें हिस्सा ले सकते हैं। इन कोर्स के जरिए छात्र अलग-अलग क्षेत्रों के बारे में जान सकते हैं और अपनी रुचि के आधार पर अपनी भविष्य की पढ़ाई की योजना बना सकते हैं। भविष्य के लिए तैयार 17 IIT कोर्स का एक्सेस IIT मद्रास के इस ऑनलाइन प्रोग्राम में छात्रों के पास 17 आधुनिक विषयों में से चुनने का विकल्प होगा। इनमें शामिल हैं: 8 हफ्ते का ऑनलाइन कोर्स हर कोर्स की अवधि 8 हफ्ते होगी। पढ़ाई रिकॉर्डेड लेक्चर, लाइव क्लास, असाइनमेंट और कंप्यूटर-बेस्ड असेसमेंट के जरिए कराई जाएगी। जो छात्र कोर्स की जरूरतों को पूरा करेंगे उन्हें IIT मद्रास (IIT Madras Admission) के सेंटर फॉर आउटरीच एंड डिजिटल एजुकेशन (CODE) से ई-सर्टिफिकेट मिलेगा। 30 सितंबर तक एप्लीकेशन खुले हैं अक्टूबर 2026 में शुरू होने वाले IIT मद्रास बैच के लिए एप्लीकेशन प्रोसेस (IIT Madras Admission) शुरू हो गया है। इच्छुक छात्र 30 सितंबर तक अप्लाई कर सकते हैं। आवेदन कैसे करें? आवेदन करने से पहले, छात्रों को यह देखना चाहिए कि क्या उनका स्कूल IIT मद्रास (IIT Madras Admission) के ‘स्कूल कनेक्ट प्रोग्राम’ से जुड़ा है या नहीं। आवेदन की प्रक्रिया: 1.75 लाख से ज्यादा छात्र जुड़े IIT मद्रास के अनुसार, अब तक 4,900 से ज्यादा स्कूल और 1.75 लाख से ज्यादा छात्र (IIT Madras Admission) इस प्रोग्राम से जुड़ चुके हैं। इसमें भारत के बाहर के 60 से ज्यादा स्कूल भी शामिल हैं। IIT मद्रास CODE का लक्ष्य इस पहल को देश भर के लगभग 25,000 स्कूलों तक पहुंचाना है। निष्कर्ष अगर आपको सरकारी जॉब वैकेंसी, भर्ती परीक्षाओं और नौकरी से जुड़ी हर जरूरी जानकारी समय पर चाहिए, तो युवा डाइनामाइट न्यूज़ के इस पेज को जरूर फॉलो करें। यहां आपको सरकारी नौकरियों से जुड़े लेटेस्ट अपडेट सबसे पहले मिलते रहेंगे।

MBBS Admission: AIQ के पहले राउंड में नहीं मिली मनपसंद सीट तो न हों निराश, इन मेडिकल कॉलेजों में अभी भी है मौका

NEET UG 2026

New Delhi: NEET UG देने वाले ज्यादातर छात्र AIIMS जैसे नामी मेडिकल कॉलेजों में MBBS की सीट पाना चाहते हैं। हालांकि, हर छात्र के लिए ऐसा करना मुमकिन नहीं है, क्योंकि AIIMS और देश के टॉप मेडिकल कॉलेजों (MBBS Admission) में एडमिशन के लिए बहुत अच्छी रैंक की जरूरत होती है। अभी मेडिकल काउंसलिंग (MBBS Admission) की प्रक्रिया चल रही है। ऑल इंडिया कोटा (AIQ) काउंसलिंग के पहले राउंड में, लगभग 10,000 तक की रैंक वाले छात्रों को पुराने और नए दोनों तरह के मेडिकल कॉलेजों में सीटें अलॉट की गई हैं। हालांकि, इस रेंज से ज्यादा रैंक वाले छात्रों के लिए भी कई विकल्प खुले हैं। 10,000 से ज्यादा रैंक वाले छात्रों के लिए क्या विकल्प हैं? जिन छात्रों को AIQ काउंसलिंग के पहले राउंड में सीट नहीं मिली उन्हें निराश होने की जरूरत नहीं है। 10,000 से 100,000 के बीच रैंक वाले कैंडिडेट्स के पास अभी भी कॉलेज (MBBS Admission) में सीट पाने के कई मौके हैं। यह पूरी तरह से छात्र की कैटेगरी, राज्य, सीट की उपलब्धता और काउंसलिंग प्रक्रिया पर निर्भर करता है। ऐसे छात्र सरकारी मेडिकल कॉलेजों में एडमिशन पाने के मौके के लिए स्टेट कोटा काउंसलिंग में भी हिस्सा ले सकते हैं। स्टेट कोटा के जरिए सरकारी कॉलेजों में मौके उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और कर्नाटक जैसे राज्यों में मेडिकल सीटों (MBBS Admission) की संख्या ज्यादा है। पिछले सालों की क्लोजिंग रैंक के आधार पर, 10,000 से ज्यादा रैंक वाले छात्रों ने कई नामी मेडिकल कॉलेजों में एडमिशन पाया है। ओपन जनरल कैटेगरी के लिए संभावित कॉलेज पिछले साल की क्लोजिंग रैंक के आधार पर, जनरल कैटेगरी के छात्रों को इन कॉलेजों में सीटें मिलीं: OBC छात्रों के लिए उपलब्ध विकल्प 10,000 से ज्यादा रैंक वाले OBC कैटेगरी के छात्रों को भी कई मेडिकल कॉलेजों में मौका मिला: कम रैंक होने पर भी SC और ST कैटेगरी के लिए सीटें उपलब्ध पिछले साल, रिजर्व्ड कैटेगरी के छात्रों (MBBS Admission) को ज्यादा क्लोजिंग रैंक होने पर भी सीटें मिलीं। SC कैटेगरी में, कई सरकारी मेडिकल कॉलेजों में 1 लाख से ज्यादा रैंक वाले कैंडिडेट्स को सीटें अलॉट की गईं। इसी तरह, ST कैटेगरी के लिए नेताजी सुभाष चंद्र बोस मेडिकल कॉलेज (जबलपुर), गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज (बाड़मेर), दून मेडिकल कॉलेज (देहरादून) और अन्य संस्थानों में भी मौके उपलब्ध थे। पिछले साल की रैंक को सिर्फ एक रेफरेंस के तौर पर करें इस्तेमाल छात्रों और माता-पिता को ध्यान देना चाहिए कि ये आंकड़े पिछले साल की क्लोजिंग (MBBS Admission) रैंक पर आधारित हैं। सीटों की संख्या, कैंडिडेट्स की संख्या और कट-ऑफ मार्क्स हर साल बदल सकते हैं। इसलिए काउंसलिंग के दौरान कैंडिडेट्स को अपनी रैंक, कैटेगरी और पसंद के आधार पर ज्यादा से ज्यादा विकल्प भरने चाहिए और संबंधित कॉलेजों से मौजूदा स्थिति की पुष्टि करनी चाहिए। निष्कर्ष अगर आपको सरकारी जॉब वैकेंसी, भर्ती परीक्षाओं और नौकरी से जुड़ी हर जरूरी जानकारी समय पर चाहिए, तो युवा डाइनामाइट न्यूज़ के इस पेज को जरूर फॉलो करें। यहां आपको सरकारी नौकरियों से जुड़े लेटेस्ट अपडेट सबसे पहले मिलते रहेंगे।

Best Courses After 12th: इन 10 कोर्स में लें एडमिशन, करियर के साथ मिलेगी अच्छी सैलरी

12th Pass Students

Best Courses After 12th: 12वीं का रिजल्ट आने के बाद छात्रों के सामने सबसे बड़ा सवाल होता है कि आगे कौन सा कोर्स चुना जाए। सही कोर्स का चुनाव करियर की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाता है। आज के समय में पारंपरिक डिग्री के साथ कई ऐसे प्रोफेशनल और स्किल बेस्ड कोर्स भी हैं, जिनकी इंडस्ट्री में अच्छी मांग है। 1. BTech Computer Science अगर आपको कंप्यूटर, ऐप और टेक्नोलॉजी में रुचि है तो BTech Computer Science अच्छा विकल्प हो सकता है। इसमें Coding, Artificial Intelligence, Data Science और Software Development जैसे क्षेत्रों की पढ़ाई होती है। कोर्स पूरा करने के बाद Software Engineer, Data Scientist और AI Engineer जैसे करियर विकल्प मिल सकते हैं। 2. Artificial Intelligence और Data Science AI और Data Science तेजी से बढ़ते करियर क्षेत्र हैं। इन कोर्स में मशीन लर्निंग, डेटा एनालिसिस, प्रोग्रामिंग और AI टेक्नोलॉजी की जानकारी दी जाती है। टेक कंपनियों के साथ बैंकिंग, हेल्थकेयर और ई-कॉमर्स जैसे क्षेत्रों में भी इन स्किल्स की मांग बढ़ रही है। 3. BCA जो छात्र कंप्यूटर और IT सेक्टर में जाना चाहते हैं, उनके लिए BCA एक अच्छा विकल्प है। इसमें Programming, Database, Web Development और Software से जुड़ी जानकारी मिलती है। इसके बाद MCA या अन्य स्पेशलाइजेशन करके करियर के अवसर बढ़ाए जा सकते हैं। 4. BBA Management और Business में रुचि रखने वाले छात्रों के लिए BBA उपयोगी कोर्स है। इसमें Marketing, Finance, Human Resources और Business Management जैसे विषय पढ़ाए जाते हैं। आगे MBA करके कॉर्पोरेट सेक्टर में बेहतर अवसर हासिल किए जा सकते हैं। 5. Bachelor of Pharmacy Science स्ट्रीम के छात्रों के लिए Pharmacy भी एक करियर विकल्प है। इस क्षेत्र में दवाओं, फार्मास्यूटिकल रिसर्च और हेल्थकेयर से संबंधित पढ़ाई होती है। कोर्स के बाद फार्मेसी, मेडिकल कंपनियों और रिसर्च से जुड़े क्षेत्रों में अवसर मिल सकते हैं। 6. Nursing Healthcare सेक्टर में करियर बनाने के इच्छुक छात्रों के लिए Nursing एक महत्वपूर्ण विकल्प है। इसमें मरीजों की देखभाल, मेडिकल प्रक्रियाओं और हेल्थकेयर से जुड़ी ट्रेनिंग दी जाती है। सरकारी और निजी अस्पतालों के अलावा अन्य हेल्थ संस्थानों में भी अवसर मिल सकते हैं। 7. Digital Marketing Digital Marketing आज के दौर का तेजी से बढ़ता क्षेत्र है। इसमें SEO, Social Media Marketing, Content Marketing, Email Marketing और Online Advertising जैसी स्किल्स सिखाई जाती हैं। कंपनियों और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर बढ़ती निर्भरता के कारण इस क्षेत्र में करियर के कई विकल्प मौजूद हैं। 8. Hotel Management अगर आपको Hospitality और Travel सेक्टर में रुचि है तो Hotel Management चुन सकते हैं। इसमें होटल संचालन, Food & Beverage, Hospitality और Customer Service की ट्रेनिंग दी जाती है। होटल, एयरलाइन, क्रूज और पर्यटन क्षेत्र में करियर बनाया जा सकता है। 9. Animation और VFX Creative छात्रों के लिए Animation और VFX अच्छा विकल्प हो सकता है। फिल्मों, वेब सीरीज, गेमिंग और विज्ञापन उद्योग में Animation और Visual Effects का इस्तेमाल लगातार बढ़ रहा है। इस क्षेत्र में Graphic Designer, Animator, VFX Artist और 3D Designer जैसे विकल्प मौजूद हैं। 10. Law 12वीं के बाद Law भी एक लोकप्रिय करियर विकल्प है। छात्र Integrated LLB जैसे कोर्स के जरिए कानून की पढ़ाई शुरू कर सकते हैं। आगे वकालत, कॉरपोरेट लॉ, लीगल कंसल्टिंग और न्यायिक सेवाओं जैसे क्षेत्रों में करियर बनाया जा सकता है। कोर्स चुनते समय इन बातों का रखें ध्यान 12वीं के बाद केवल ट्रेंड देखकर कोर्स का चुनाव नहीं करना चाहिए। अपनी रुचि, विषयों में पकड़, करियर लक्ष्य, कोर्स की फीस, कॉलेज की गुणवत्ता और भविष्य में रोजगार की संभावनाओं को ध्यान में रखना जरूरी है। जिस क्षेत्र में आपकी रुचि और स्किल दोनों हों, उसमें सफलता की संभावना ज्यादा रहती

NEET PG का सबसे जरूरी अपडेट, 30 अगस्त को होनी है परीक्षा; एडमिट कार्ड में ये चीजें जरूर जांचें

NEET PG 2026 में शामिल होने वाले उम्मीदवारों के लिए अब इंतजार खत्म होने वाला है। नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशंस इन मेडिकल साइंसेज (NBEMS) ने एडमिट कार्ड को लेकर नया अपडेट जारी किया है। संशोधित कार्यक्रम के मुताबिक उम्मीदवारों के एडमिट कार्ड 25 अगस्त 2026 को जारी किए जाएंगे। वहीं NEET PG 2026 परीक्षा का आयोजन 30 अगस्त 2026, रविवार को किया जाएगा। परीक्षा सुबह 9 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक चलेगी। इस बार परीक्षा एक ही शिफ्ट में आयोजित होगी और उम्मीदवारों को कंप्यूटर आधारित परीक्षा यानी CBT मोड में शामिल होना होगा। आखिर क्यों बदली एडमिट कार्ड की तारीख? (NEET PG) NBEMS ने 24 अगस्त को जारी संशोधित नोटिस में एडमिट कार्ड की तारीख में बदलाव की जानकारी दी है। बोर्ड के मुताबिक कुछ अपरिहार्य परिस्थितियों के साथ असम और मेघालय से मिले अनुरोधों को ध्यान में रखते हुए एडमिट कार्ड जारी करने का कार्यक्रम बदला गया। यानी जिन उम्मीदवारों को पहले तय कार्यक्रम के मुताबिक एडमिट कार्ड मिलने का इंतजार था, उन्हें अब 25 अगस्त को इसे डाउनलोड करने का मौका मिलेगा। परीक्षा में कुछ ही दिन बाकी हैं, इसलिए एडमिट कार्ड मिलने के बाद उसे तुरंत डाउनलोड करके सभी जरूरी जानकारी जांच लेना बेहतर रहेगा। एडमिट कार्ड हाथ में आते ही ये जानकारी देखें (NEET PG) एडमिट कार्ड डाउनलोड करने के बाद उम्मीदवार सिर्फ अपना नाम देखकर इसे अलग न रखें। इसमें दर्ज हर जानकारी को ध्यान से जांचना जरूरी है। नाम, रोल नंबर और आवेदन से जुड़ी जानकारी के साथ परीक्षा की तारीख और समय भी देख लें। इसके अलावा रिपोर्टिंग टाइम और परीक्षा केंद्र का पूरा पता जरूर जांचें। अगर किसी जानकारी में गलती नजर आती है तो NBEMS के निर्देशों के अनुसार संबंधित प्रक्रिया अपनानी होगी। उम्मीदवारों को एडमिट कार्ड का प्रिंटआउट पहले ही निकालकर रखना चाहिए। परीक्षा केंद्र पर एडमिट कार्ड के साथ मान्य पहचान पत्र और बोर्ड की ओर से निर्धारित अन्य जरूरी दस्तावेज ले जाना होगा। अब तैयारी में क्या करें? (NEET PG) NEET PG मेडिकल पीजी पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए आयोजित होने वाली प्रमुख राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा है। इसके जरिए MD, MS और PG Diploma जैसे पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए पात्रता और रैंक तय की जाती है। परीक्षा में अब ज्यादा समय नहीं बचा है। ऐसे में नए-नए टॉपिक शुरू करने के बजाय उम्मीदवारों के लिए रिवीजन पर ध्यान देना ज्यादा फायदेमंद हो सकता है। कमजोर विषयों को दोबारा पढ़ने के साथ मॉक टेस्ट देना और गलत सवालों की समीक्षा करना भी तैयारी को बेहतर बना सकता है। यहां से डाउनलोड होगा एडमिट कार्ड (NEET PG) एडमिट कार्ड जारी होने के बाद उम्मीदवार इसे NBEMS की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध NEET PG 2026 सेक्शन से डाउनलोड कर सकेंगे। इसी सेक्शन में परीक्षा से जुड़ी जरूरी जानकारी, इंफॉर्मेशन बुलेटिन और अन्य अपडेट भी उपलब्ध कराए जाते हैं।

Bihar Board: आज से खुला परीक्षा फॉर्म, 16 सितंबर के बाद नहीं मिलेगा मौका! देखें जरूरी तारीखें

Bihar Board: बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने मैट्रिक और इंटरमीडिएट वार्षिक परीक्षा 2027 को लेकर परीक्षा फॉर्म भरने की तारीख घोषित कर दी है। 10वीं और 12वीं में पढ़ रहे विद्यार्थियों के लिए आवेदन की प्रक्रिया 25 अगस्त 2026 से शुरू हो गई है। परीक्षा में शामिल होने वाले छात्रों को 16 सितंबर 2026 तक अपने स्कूल या कॉलेज के माध्यम से फॉर्म भरना होगा। खास बात यह है कि विद्यार्थी खुद से ऑनलाइन परीक्षा फॉर्म नहीं भरेंगे। आवेदन की पूरी प्रक्रिया संबंधित शिक्षण संस्थान के प्रधान के जरिए पूरी होगी। इसलिए आखिरी तारीख का इंतजार करने के बजाय छात्रों को समय रहते अपने स्कूल से संपर्क करना होगा। स्कूल के जरिए ही जमा होगा फॉर्म (Bihar Board) बिहार बोर्ड के निर्देश के मुताबिक इंटरमीडिएट परीक्षा फॉर्म के लिए intermediate.biharboardonline.com और मैट्रिक परीक्षा के लिए exam.biharboardonline.org का इस्तेमाल स्कूल प्रमुख करेंगे। स्कूल के प्रधान वेबसाइट से परीक्षा फॉर्म डाउनलोड कर विद्यार्थियों को उपलब्ध कराएंगे। छात्रों को फॉर्म की दो प्रतियां भरनी होंगी। एक कॉपी स्कूल में जमा होगी, जबकि दूसरी कॉपी पर प्रधान के हस्ताक्षर, मुहर और तारीख के बाद उसे विद्यार्थी को वापस दिया जाएगा। एक छोटी गलती भी पड़ सकती है भारी (Bihar Board) फॉर्म भरते समय छात्रों को अपनी जानकारी बेहद ध्यान से जांचनी होगी। नाम, माता-पिता का नाम, जन्म तिथि, लिंग, जाति और चुने गए विषय समेत सभी विवरण प्रमाण पत्र में दर्ज जानकारी से मिलाने होंगे। अगर किसी जानकारी में गलती दिखाई देती है, तो आवेदन की तय अवधि के दौरान स्कूल के प्रधान के जरिए उसमें सुधार कराया जा सकता है। बोर्ड ने मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी देना भी अनिवार्य किया है। एक विद्यार्थी के लिए एक मोबाइल नंबर और एक ईमेल आईडी का इस्तेमाल किया जाएगा। फोटो और सिग्नेचर को लेकर भी नियम (Bihar Board) परीक्षा फॉर्म के साथ लगने वाली फोटो के लिए भी बोर्ड ने खास मानक तय किए हैं। रंगीन फोटो 35 एमएम × 30 एमएम की होनी चाहिए और जेपीजी/जेपीईजी फॉर्मेट में 50 से 100 केबी के बीच होनी चाहिए। फोटो का बैकग्राउंड सफेद या हल्का हरा होना चाहिए। वहीं सिग्नेचर की फाइल 10 से 20 केबी की और निर्धारित आकार 3.5 सेंटीमीटर × 1 सेंटीमीटर रखा गया है। हस्ताक्षर सफेद कागज पर नीली या काली स्याही से होना चाहिए। इंटर की फीस कितनी है? (Bihar Board) इंटरमीडिएट परीक्षा 2027 के लिए नियमित आर्ट्स, साइंस और कॉमर्स विद्यार्थियों की परीक्षा फीस 1430 रुपये रखी गई है। स्वतंत्र परीक्षार्थियों के लिए यह फीस 1770 रुपये है, जबकि क्वालीफाइंग विद्यार्थियों के लिए 2110 रुपये निर्धारित किए गए हैं। व्यावसायिक पाठ्यक्रम के नियमित विद्यार्थियों को 1830 रुपये और स्वतंत्र विद्यार्थियों को 2170 रुपये जमा करने होंगे। 16 सितंबर है आखिरी मौका (Bihar Board) बिहार बोर्ड ने साफ किया है कि मैट्रिक और इंटरमीडिएट परीक्षा 2027 के लिए फॉर्म और फीस जमा करने की समय सीमा 25 अगस्त से 16 सितंबर 2026 तक है। छात्रों को इस अवधि के भीतर स्कूल के माध्यम से प्रक्रिया पूरी करनी होगी।

NUSRL Ranchi: अगर वकील बनना है तो सिर्फ डिग्री काफी नहीं! यहां पढ़ाई के साथ मिलेगा कोर्टरूम जैसा अनुभव

Ranchi: अगर आपका लक्ष्य कानून के क्षेत्र में मजबूत करियर बनाने का है, तो झारखंड की नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ स्टडी एंड रिसर्च इन लॉ यानी NUSRL Ranchi आपके लिए एक विकल्प हो सकता है। साल 2010 में स्थापित यह यूनिवर्सिटी लीगल एजुकेशन और रिसर्च के क्षेत्र में अपनी पहचान बना चुकी है। यहां छात्रों को कानून की पढ़ाई के साथ ऐसी गतिविधियों से जोड़ा जाता है, जिससे उन्हें आगे की प्रोफेशनल लाइफ के लिए तैयार होने में मदद मिले। खास तौर पर उन छात्रों के लिए यह जगह उपयोगी हो सकती है, जो पढ़ाई के साथ कानूनी मामलों को समझने और व्यावहारिक अनुभव हासिल करना चाहते हैं। BA LLB में पढ़ाई के साथ प्रैक्टिकल ट्रेनिंग (NUSRL Ranchi) NUSRL का BA LLB (Hons) पांच साल का इंटीग्रेटेड कोर्स है। इसमें छात्रों को आर्ट्स के विषयों के साथ कानून के जरूरी हिस्सों की पढ़ाई कराई जाती है। कॉन्स्टिट्यूशनल लॉ, क्रिमिनल लॉ, कॉरपोरेट लॉ और इंटरनेशनल लॉ जैसे विषय कोर्स का हिस्सा हैं। लेकिन इस प्रोग्राम की खासियत सिर्फ विषयों की लंबी सूची नहीं है। छात्रों को केस स्टडी, मूट कोर्ट और इंटर्नशिप जैसी गतिविधियों के जरिए कानूनी मामलों को करीब से समझने का मौका मिलता है। इस कोर्स में प्रवेश के लिए CLAT UG स्कोर अहम है। इसलिए NUSRL में BA LLB करने की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए CLAT की तैयारी भी उतनी ही जरूरी हो जाती है। LLM के जरिए किसी खास क्षेत्र में बनाएं पकड़ (NUSRL Ranchi) कानून में ग्रेजुएशन पूरी कर चुके छात्रों के लिए NUSRL एक साल का LLM प्रोग्राम भी उपलब्ध कराता है। इस कोर्स के जरिए छात्र कानून के किसी खास क्षेत्र में अपनी समझ को और मजबूत कर सकते हैं। LLM में कॉरपोरेट लॉ, इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी राइट्स (IPR) और कॉन्स्टिट्यूशनल एवं एडमिनिस्ट्रेटिव लॉ जैसे क्षेत्रों पर गहराई से पढ़ाई और रिसर्च का अवसर मिलता है। इसमें दाखिले के लिए CLAT PG स्कोर का इस्तेमाल किया जाता है। कैंपस में पढ़ाई के साथ मिलती हैं कई सुविधाएं कांके-नगड़ी रोड पर स्थित NUSRL कैंपस में छात्रों के लिए डिजिटल लाइब्रेरी, वाई-फाई, मूट कोर्ट हॉल, लीगल एड क्लिनिक और हॉस्टल जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। यूनिवर्सिटी में अकादमिक गतिविधियों और इंटर्नशिप के जरिए छात्रों को कानून की पढ़ाई को व्यावहारिक रूप से समझने का अवसर भी मिलता है। पढ़ाई के बाद करियर के कई रास्ते NUSRL से कानून की पढ़ाई करने के बाद छात्रों के सामने सिर्फ वकालत का विकल्प नहीं रहता। वे कॉरपोरेट लॉ फर्म, लीगल कंसल्टेंसी, पब्लिक सेक्टर, ज्यूडिशियरी और सिविल सर्विसेज जैसे क्षेत्रों में आगे बढ़ने की तैयारी कर सकते हैं।